शुगर डायबटीज, मधुमेह

शुगर डायबटीज, मधुमेह

मधुमेह रोग होने पर एवं पुराना पड़ने पर हमारे शरीर के सभी अंग जैसे- लीवर, किडनी, हृदय, ब्रेन, आँख एवं नर्वस सिस्टम या यूं कहें कि पूरा का पूरा शरीर प्रभावित होने लगता है । मधुमेह रोग में होमियोपैथिक दवायें बहुत ही कारगर है यदि दवाओं का चुनाव अनुभवी एवं कुशल होमियोपैथ के द्वारा किया गया हो। अनुभव के आधार पर यह कह सकता हूँ कि मधुमेह में होमियोपैथिक चिकित्सा बहुत ही कारगर है। होमियोपैथिक चिकित्सा के माध्यम से अनियंत्रित मधुमेह (शुगर) बहुत ही प्रभावी ढंग से नियंत्रित किया जा सकता है। शुगर में होमियोपैथिक चिकित्सा कारगर भी एवं सुरक्षित भी • यदि दवा का पर्याप्त डोज़ लेने के बाद भी आपका शुगर 400 से 500 बना रहता हो या आपको इन्सुलीन लेना पड़ रहा हो • शरीर में बहुत अधिक कमजोरी आ गयी हो एवं दिन प्रतिदिन शरीर दुबला होता जा रहा हो • शुगर के साथ हाई - ब्लड प्रेशर के मरीज हों • शुगर होने के बाद सामान्यतःअच्छी नींद नहीं आती, अनिद्रा रोग से परेशान हैं • बहुत अधिक बेचैनी एवं घबराहट | रहती हो • सामान्यतः शुगर होने के बाद कोई भी बीमारी होने की संभावना बनी रहती है • लीवर, किडनी, ह्रदय या कोई भी बीमारी हो रही हो • रात में बार-बार पेशाब के लिए उठना पड़ता हो • मधुमेह रोगियों में नपुसंकता [Loss of Sexual Desire] एवं जोड़ों का दर्द [ गठिया रोग ]